झांसी डबल मर्डर केस: गर्लफ्रेंड और मासूम बेटे की हत्या के आरोपी को एनकाउंटर में पकड़ा गया

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झांसी में गर्लफ्रेंड और उसके 3 साल के बेटे की हत्या के आरोपी को पुलिस ने बुधवार रात मुठभेड़ के दौरान गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ में आरोपी के पैर में गोली लगी, जिसके बाद उसे मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने दोनों की हत्या की बात स्वीकार कर ली है।
बताया जा रहा है कि 40 वर्षीय चतुर्भुज पटेल उर्फ दीपक ने 2 अप्रैल की रात लिव-इन पार्टनर नीलू देवी (30) और उसके बेटे कृष्णा की कुल्हाड़ी से हत्या कर दी थी। पुलिस के मुताबिक, नीलू अपने पति के पास गुरुग्राम जाने की जिद कर रही थी, जिससे नाराज होकर आरोपी ने वारदात को अंजाम दिया।
हत्या के बाद आरोपी ने दोनों शवों को दो दिन तक घर में ही रखा। 4 अप्रैल की रात उसने महिला का शव घर से करीब 600 मीटर दूर सड़क किनारे फेंक दिया, जबकि बच्चे के शव को पास के खेत में भूसे के ढेर में छिपा दिया। 5 अप्रैल की सुबह महिला का शव बरामद हुआ, लेकिन उसकी पहचान नहीं हो सकी।
बाद में आरोपी ने 7 अप्रैल की रात भूसे के ढेर में आग लगाकर बच्चे के शव को जला दिया। 8 अप्रैल की सुबह जले हुए अवशेष मिलने के बाद पुलिस ने जांच तेज की। गांव में पूछताछ के दौरान पता चला कि दीपक नाम का व्यक्ति एक महिला और बच्चे के साथ रह रहा था, जो अचानक लापता हो गए। इसके बाद पुलिस ने आरोपी की तलाश शुरू की और आखिरकार उसे पकड़ लिया। मामला लहचूरा थाना क्षेत्र का है।

पुलिस के अनुसार, आरोपी दीपक लहचूरा थाना क्षेत्र के बरौटा गांव का निवासी है और झांसी में रहकर ब्लिंकिट में काम करता था। उसका भाई संजीव पूर्व में ग्राम प्रधान रह चुका है। दीपक की पहली पत्नी नेहा की मृत्यु हो चुकी थी। इसके बाद वर्ष 2015 में उसने टहरौली की रहने वाली हेमलता से शादी की, जिससे उसका एक बेटा है। कुछ समय बाद पति-पत्नी के बीच विवाद बढ़ने लगे और हेमलता उसे छोड़कर दिल्ली में रहने लगी।
दीपक का एक गांव का परिचित गुरुग्राम में गार्ड की नौकरी करता है, जिसके पास वह अक्सर आता-जाता था। उसी के माध्यम से उसकी मुलाकात गुरुग्राम में काम करने वाली नीलू देवी से हुई। नीलू मूल रूप से गुजरात की रहने वाली थी और शादीशुदा थी, उसका 3 साल का बेटा कृष्णा भी था। उसका पति गुजरात में नौकरी करता था और उसने नीलू को छोड़ दिया था। इसी दौरान करीब 6 महीने पहले नीलू और दीपक के बीच दोस्ती हुई, जो धीरे-धीरे प्रेम संबंध में बदल गई।
करीब 5 महीने पहले दीपक गुरुग्राम में नीलू के साथ रहने लगा था। नीलू भी उसके गांव वाले घर आने-जाने लगी थी। दीपक अपनी कमाई का अधिकांश हिस्सा नीलू पर खर्च करता था। 1 अप्रैल को वह नीलू और उसके बेटे को अपने गांव लेकर आ गया।
झगड़े में की गई हत्या
पुलिस के मुताबिक, दीपक का स्वभाव गुस्सैल और सनकी है। नीलू अपने पति के पास वापस जाना चाहती थी, लेकिन दीपक इसका विरोध कर रहा था। 2 अप्रैल की रात नीलू ने साफ कहा कि वह सुबह अपने पति के पास चली जाएगी। इसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हो गया। गुस्से में आकर दीपक ने कुल्हाड़ी से नीलू के सिर पर कई वार कर उसकी हत्या कर दी।
शोर सुनकर नीलू का बेटा कृष्णा जाग गया और रोने लगा। इसके बाद आरोपी ने उसे भी कुल्हाड़ी से मारकर मौत के घाट उतार दिया। हत्या के बाद दोनों शवों को कमरे में ही रखा। 4 अप्रैल की रात आरोपी दोनों शवों को बाइक से गांव के बाहर ले गया, जहां उसने महिला का शव सड़क किनारे फेंक दिया और बच्चे के शव को खेत में भूसे के ढेर में छिपा दिया।
मिशन शक्ति रजिस्टर से मिला सुराग
पहचान छिपाने के लिए आरोपी ने नीलू का चेहरा पत्थर से बुरी तरह कुचल दिया था, जिससे पुलिस के लिए शव की पहचान करना मुश्किल हो गया। काफी कोशिशों के बाद भी जब पहचान नहीं हो सकी, तो थाना प्रभारी सरिता मिश्रा ने मिशन शक्ति रजिस्टर का सहारा लिया और उसमें दर्ज महिलाओं से संपर्क किया।
रजिस्टर के एक पन्ने पर हेमलता का नाम मिलने पर उनसे बात की गई। हेमलता ने बताया कि दीपक उसका पति है और उसके अन्य महिलाओं से संबंध हैं। विरोध करने पर वह मारपीट करता है। उसने यह भी बताया कि कुछ दिन पहले दीपक एक महिला और बच्चे को गांव लेकर आया था।
इस सूचना के आधार पर पुलिस गांव पहुंची, जहां महिला और बच्चा तो नहीं मिले, लेकिन उनके आने की पुष्टि हुई। दीपक के भी लापता होने पर पुलिस का शक और गहरा गया।

मुठभेड़ में गिरफ्तारी
एसपी ग्रामीण डॉ. अरविंद कुमार के अनुसार, आरोपी की तलाश जारी थी। बुधवार रात मुखबिर से सूचना मिली कि वह नहर के रास्ते बरौटा रोड की ओर जा रहा है। इस पर पुलिस टीम ने चेकिंग शुरू की। कुछ देर बाद आरोपी बाइक से आता दिखा। पुलिस को देखकर वह भागने लगा।
पीछा करने पर वह बाइक से गिर गया और पुलिस पर फायरिंग करने लगा। जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। उसके पास से एक तमंचा, कारतूस, दो मोबाइल फोन, आधार कार्ड और पैन कार्ड बरामद किए गए हैं।

रिपोर्ट – शिवांगी कुमारी